Pradhan Mantri Awaas Yojana – Gramin (PMAY-G) केंद्र सरकार की एक प्रमुख ग्रामीण आवास योजना है, जिसे Housing for All के लक्ष्य को पूरा करने के लिए शुरू किया गया है। यह योजना इंदिरा आवास योजना का उन्नत रूप है और इसे 20 नवंबर 2016 को लागू किया गया था। इसके अंतर्गत 2.95 करोड़ पक्के मकानों के निर्माण का लक्ष्य रखा गया है।

विषय-सूची
Pradhan Mantri Awaas योजना से लाभ
- Minimum house size increased from 20 sq. mt. to 25 sq. mt.
- Separate space provided for clean cooking
- Financial assistance:
- ₹1.20 lakh in plain areas
- ₹1.30 lakh in hilly, difficult, tribal & IAP districts
- Direct Benefit Transfer (DBT) to beneficiary account
- Better quality, durable and environment-friendly houses
- Employment generation through trained rural masons
पात्रता / योग्यता
PMAY-G के अंतर्गत वे ग्रामीण परिवार पात्र हैं:
- जिनके पास पक्का मकान नहीं है
- जो ऐसे घरों में रहते हैं जिनमें:
- 0, 1 या 2 कच्ची दीवारें
- और कच्ची छत
- जिनका नाम SECC 2011 सूची या Awaas+ Survey में दर्ज है
- आर्थिक रूप से कमजोर और जरूरतमंद ग्रामीण परिवार
योजना के उद्देश्य
- ग्रामीण गरीबों को सुरक्षित और स्थायी आवास उपलब्ध कराना
- न्यूनतम आवास क्षेत्रफल बढ़ाकर 25 वर्ग मीटर करना
- स्वच्छ रसोई के लिए अलग स्थान सुनिश्चित करना
- लाभार्थियों को स्थानीय सामग्री से घर निर्माण के लिए प्रोत्साहित करना
- प्रशिक्षित कारीगरों के माध्यम से गुणवत्ता सुधार
- पारंपरिक डिज़ाइन के बजाय पर्यावरण-अनुकूल और सांस्कृतिक डिज़ाइन को बढ़ावा देना
- Awaas+ Survey के माध्यम से छूटे पात्र परिवारों को शामिल करना
आवेदन प्रक्रिया
PMAY-G के लिए सीधा ऑनलाइन आवेदन नहीं किया जाता है।
आवेदन प्रक्रिया इस प्रकार है:
- पात्र परिवारों की पहचान SECC 2011 या Awaas+ Survey से होती है
- ग्राम पंचायत द्वारा सत्यापन किया जाता है
- लाभार्थी सूची जिला एवं राज्य स्तर पर अनुमोदित होती है
- स्वीकृति के बाद राशि DBT के माध्यम से खाते में भेजी जाती है
- घर निर्माण चरणबद्ध तरीके से पूरा किया जाता है
आवेदन सुधार
- PMAY-G में आवेदन सुधार की सुविधा सीधे लाभार्थी के लिए उपलब्ध नहीं है
- किसी भी प्रकार की त्रुटि होने पर:
- ग्राम पंचायत
- ब्लॉक कार्यालय
- जिला ग्रामीण विकास कार्यालय
से संपर्क करना होता है
आवश्यक दस्तावेज़
- आधार कार्ड
- बैंक खाता विवरण
- जॉब कार्ड (यदि उपलब्ध हो)
- राशन कार्ड
- मोबाइल नंबर
- निवास प्रमाण पत्र
- SECC / Awaas+ Survey संबंधित विवरण
महत्वपूर्ण लिंक एवं संपर्क
- Official Website: https://pmayg.nic.in
- Helpline Number: 1800-11-6446
- Ministry: Ministry of Rural Development, Government of India
दिशानिर्देश
- लाभार्थी का चयन पूरी तरह सरकारी डेटा पर आधारित होता है
- मकान निर्माण में गुणवत्ता मानकों का पालन अनिवार्य है
- किसी भी प्रकार की दलाली या शुल्क पूरी तरह अवैध है
- गलत जानकारी देने पर लाभ रद्द किया जा सकता है
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल।
Q1. प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण (PMAY-G) क्या है?
PMAY-G केंद्र सरकार की एक ग्रामीण आवास योजना है, जिसके तहत बेघर और कच्चे मकानों में रहने वाले गरीब परिवारों को पक्का मकान बनाने के लिए वित्तीय सहायता दी जाती है।
Q2. PMAY-G की शुरुआत कब हुई थी?
PMAY-G की शुरुआत 20 नवंबर 2016 को की गई थी। यह योजना इंदिरा आवास योजना का उन्नत रूप है।
Q3. PMAY-G के तहत कितनी सहायता राशि मिलती है?
* मैदानी क्षेत्रों में: ₹1.20 लाख
* पहाड़ी, दुर्गम, जनजातीय और IAP जिलों में: ₹1.30 लाख
Q4. PMAY-G के तहत घर का न्यूनतम आकार कितना होता है?
PMAY-G के अंतर्गत घर का न्यूनतम आकार 25 वर्ग मीटर होता है, जिसमें स्वच्छ रसोई के लिए अलग स्थान भी शामिल होता है।
Q5. PMAY-G के लिए कौन पात्र है?
वे ग्रामीण परिवार पात्र हैं:
* जिनके पास पक्का मकान नहीं है
* जो 0, 1 या 2 कच्ची दीवारों और कच्ची छत वाले घर में रहते हैं
* जिनका नाम SECC-2011 या Awaas+ Survey में दर्ज है
Q6. क्या PMAY-G के लिए ऑनलाइन आवेदन किया जा सकता है?
नहीं, PMAY-G के लिए सीधा ऑनलाइन आवेदन नहीं किया जाता। लाभार्थियों का चयन सरकारी सर्वे डेटा के आधार पर किया जाता है।
Q7. क्या PMAY-G की राशि सीधे बैंक खाते में आती है?
हाँ, PMAY-G की सहायता राशि DBT (Direct Benefit Transfer) के माध्यम से सीधे लाभार्थी के बैंक खाते में भेजी जाती है।
Q8. PMAY-G के तहत कितनी किस्तों में पैसा मिलता है?
घर निर्माण की प्रगति के अनुसार सहायता राशि कई किस्तों में दी जाती है।
Q9. PMAY-G के लिए कौन-कौन से दस्तावेज़ जरूरी हैं?
* आधार कार्ड
* बैंक खाता विवरण
* राशन कार्ड
* जॉब कार्ड (यदि उपलब्ध हो)
* मोबाइल नंबर
* निवास प्रमाण पत्र
Q10. PMAY-G से जुड़ी शिकायत कहां करें?
हेल्पलाइन नंबर: 1800-11-6446
या अपने ब्लॉक / जिला ग्रामीण विकास कार्यालय में शिकायत दर्ज करा सकते हैं।
ऐसी ही केंद्र व राज्य सरकार की अन्य योजनाओं की जानकारी आपको हमारी वेबसाइट gramg.in पर मिलती रहेगी।
